लिफ्ट में फंसा तब दिमाग में आया आइडिया फिर शुरू किया स्टार्टअप, अब देशभर में बढ़ी डिमांड

0
85

रायपुर : असफलताएं हमें बहुत कुछ सिखाती है बस आप उनसे हताश न होकर अपनी गलतियों को स्वीकार करके उन्हें सुधारने का प्रयास करें। अब्राहम लिंकन का कहना था कि सफलता एक गलत शिक्षक की तरह होती है जो सफल लोगों में यह आदत डाल देती है कि वे कभी असफल नहीं हो सकते।

एक गरीब परिवार में रहने वाले व्यक्ति की हमेशा से ख्वाहिश रहती है कि वह आगे चलकर अपने परिवार को वे खुशियां दे जो उसे नहीं मिल पा रहीं। ऐसे ही मजबूत इरादों और कड़ी मेहनत के दम पर आगे बढें हैं राजधानी के अभिनय सोनी। अभिनय मूलत: पेंड्रा निवासी हैं और एनआइटी 2006 बैच के आर्किटेक्चर विभाग के छात्र हैं।

अभिनय सोनी

आज अभिनय शहर के जाने माने एंटरप्रेन्योर हैं और हाइटेक्नोलॉजी वाली लिफ्ट का निर्माण करते हैं और छात्रों को कॉलेज में जाकर नि:शुल्क टेक्नोलॉजी की जानकारी भी देते हैं। उनकी इन लिफ्ट की डिमांड देश भर में है।

वायरलेस टेक्नोलॉजी को किया डवलप

अभिनय का सफर इतना आसान नहीं रहा उन्होंने अपनी डिग्री पूरी करने के बाद लाखों के पैकेज छोड़े उनका मानना है कि हम जॉब तो कहीं भी कर सकते हैं, लेकिन अगर एक अलग पहचान बनानी है तो आपको भीड़ से हटकर चलना होगा। इसी को देखते हुए वे लिफ्ट को किस तरह बेहतरीन ढंग से डवलप करें इसके लिए रिसर्च में जुटे और लगभग तीन सालों तक उसकी प्रोसेस समझी।

लिफ्ट में फंसकर आया आइडिया

अभिनय बताते हैं कि आवश्यकता ही अविष्कार को जन्म देती है। उन्होंने बताया कि जब बे एनआइटी रायपुर में पढ़ते थे तो एक बार कहीं वे लिफ्ट में फंस गए और आर्किटेक्चर के स्टूडेंट थे तो दिमाग में आइडिया आया कि क्यों न ऐसी लिफ्ट बनाई जाए जिसमें अगर फंसते हैं तो आसानी से बाहर निकला जा सके और तभी डिसाइड किया कि इसी फील्ड में अपना कॅरियर बनाएंगे।

बनाई टच स्क्रीन और वायरलेस लिफ्ट

हाल ही में अभिनय सोनी ने टच स्क्रीन और वायरलेस लिफ्ट बनाई है जिसे आप मोबाइल से कंट्रोल कर सकते हैं साथ ही इसमें कोई केबेल नहीं है। इसकी खास बात यह है कि इसे इंटरनेट और वाइफाइ से कनेक्ट करके यूजर किसी भी मंजिल पर रोक सकता है और फंसने का खतरा भी नहीं है। एक आम घर में पैदा हुए अभिनय की लिफ्ट की डिमांड उत्तराखंड, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, मध्प्रदेश में तो है कि साथ में यूके की एक कंपनी ने भी पसंद किया है। वे कहते हैं कि स्टार्टअप शुरू पैसों से नहीं, बल्कि एक आइडिया से शुरु होता है।

बंद हो गई कंपनी

अभिनय का कहना है कि जब वे लिफ्ट की प्रोसेस समझ रहे थे तो जिस कंपनी में काम कर रहे थे वह किसी तकनीकी कारण से विफल हो गई और जॉब के ऑफर पहले ही ठुकरा चुके थे तो ऐसे दिन भी आए कि उनके पास काम नहीं था। तब उन्होंने खुद अपनी कंपनी डालने की सोची और बेंक से लोन लेकर एक छोटी कंपनी की शुरुआत की। जब लिफ्ट बनाना शुरु किया तो खुद अपने प्रोडक्ट से खुश नहीं हुए। वे चाहते थे कि ऐसी लिफ्ट का निर्माण करुं जो सर्वसुविधायुक्त हो।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here